उपवास करूँ , प्रार्थना करूँ
प्रभु में शक्तिशाली बनूँ
(2)
क्योंकि वो ही है महान
उसकी करुणा अपार
वो ही है सामर्थी
उसका करूँ धन्यवाद
(2)
हालेलुयाह , हालेलुयाह
हालेलुयाह , हालेलुयाह
(2)
बंधन भी टूटते है उपवास से
शैतान भी भागे उपवास से
(2)
क्योंकि वो ही है महान
उसकी करुणा अपार
वो ही है सामर्थी
उसका करूँ धन्यवाद
(2)
हालेलुयाह , हालेलुयाह
हालेलुयाह , हालेलुयाह
(2)
अभिषेक भी पाएं उपवास से
आत्मा में भरते है उपवास से
(2)
क्योंकि वो ही है महान
उसकी करुणा अपार
वो ही है सामर्थी
उसका करूँ धन्यवाद
(2)
हालेलुयाह , हालेलुयाह
हालेलुयाह , हालेलुयाह
(2)
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